बेंगलुरु – कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने चिन्नास्वामी स्टेडियम हादसे में मारे गए लोगों के परिवारों के लिए घोषित मुआवजे को बढ़ाकर 25 लाख रुपये करने का आदेश दिया है। इससे पहले सरकार ने 10-10 लाख रुपये के मुआवजे की घोषणा की थी।

भगदड़ में कितने लोगों की मौत हुई थी?

इस भगदड़ में 11 लोगों की मौत हो गई थी और 33 अन्य घायल हो गए थे। यह घटना तब हुई थी, जब आरसीबी की आईपीएल जीत का जश्न मनाने के लिए अप्रत्याशित रूप से भारी भीड़ जमा हुई, जो उम्मीद से कहीं ज्यादा थी। स्टेडियम में लोगों के बैठने की क्षमता लगभग 35,000 थी लेकिन मौके पर लगभग 2 से 3 लाख लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी थी। जिसकी वजह से ये हादसा हुआ और लोगों को जान गंवाना पड़ा।

सीएम सिद्धारमैया ने भीड़ को लेकर ये जानकारी दी थी कि सरकार और क्रिकेट एसोसिएशन को इतनी ज्यादा संख्या में लोगों के आने की उम्मीद नहीं थी। विधान सौधा में लगभग एक लाख की भीड़ को नियंत्रित किया जा सकता था, लेकिन चिन्नास्वामी स्टेडियम में स्थिति भयावह हो गई। उपस्थित लोगों की अप्रत्याशित वृद्धि ने भीड़ के नियंत्रण के उपायों को विफल कर दिया, जिससे भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई।

इस घटना में जिन लोगों की मौत हुई, उनमें ज्यादातर युवा थे जोकि क्रिकेट टीम की जीत का जश्न मनाने के लिए पहुंचे थे। अभी भी कई घायलों का इलाज चल रहा है।

सीएम ने दिया है मजिस्ट्रेट जांच का आदेश

इस घटना की वजह से कई परिवारों ने अपने भविष्य को खो दिया। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने भगदड़ के कारण का पता लगाने के लिए मजिस्ट्रेट जांच का आदेश दिया है। उन्होंने कहा, “हम निष्कर्षों के आधार पर उचित कार्रवाई करेंगे,” उन्होंने कहा कि रिपोर्ट 15 दिनों के भीतर प्रस्तुत की जाएगी। उन्होंने जनता को आश्वासन दिया कि कोई भी राजनीतिक बयानबाजी जांच को प्रभावित नहीं करेगी।

इस घटना के सामने आने के बाद उप मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार बॉरिंग अस्पताल पहुंचे थे और उन्होंने घायलों से मुलाकात कर संवेदना प्रकट की थी। उन्होंने क्रिकेट प्रशंसकों से अपील की थी कि भविष्य में सार्वजनिक समारोहों में सुरक्षा को पहली प्राथमिकता दें।

Share.

Alok Kumar Srivastava
Chief Editor

Address :    104, Bharsar, District – Ghazipur, Uttar Pradesh – 233300

Mobile        +91-98388 99305
Email        prabhatdarshan25@gmail.com

May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031

© 2025 prabhatdarshan.com 

Exit mobile version