लखनऊ। उत्तर प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहन (EV) खरीदने वालों के लिए बड़ी राहत की खबर आई है। धनतेरस और दीपावली के दौरान जिन्होंने ईवी खरीदी थी और रोड टैक्स व पंजीकरण शुल्क (Registration Fee) जमा किया था, अब उन्हें यह राशि वापस मिलेगी। परिवहन विभाग ने 20 दिन बाद पोर्टल में आवश्यक संशोधन कर दिया है।
राज्य सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहन विनिर्माण एवं गतिशीलता नीति 2022 के तहत वित्तीय प्रोत्साहन दो साल और बढ़ा दिया है। औद्योगिक विकास विभाग ने इस संबंध में आदेश 17 अक्टूबर को जारी किया था, जिसके बाद अब परिवहन विभाग ने भी आदेश जारी करते हुए इसे लागू कर दिया है।
अब 13 अक्टूबर 2027 तक नहीं देना होगा रोड टैक्स
नई व्यवस्था के अनुसार, अब 13 अक्टूबर 2027 तक ईवी खरीदारों को रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क से पूरी तरह छूट मिलेगी। इसका सीधा लाभ राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री और ई-मोबिलिटी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से होगा।
जिन लोगों ने पहले टैक्स जमा किया, उन्हें मिलेगा रिफंड
14 अक्टूबर से 6 नवंबर के बीच जिन वाहन स्वामियों ने रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क का भुगतान किया है, वे अब अपनी राशि की वापसी (Refund) के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए वाहन स्वामी को संबंधित एआरटीओ कार्यालय (ARTO Office) में प्रत्यावेदन देना होगा। विभाग आवश्यक जांच के बाद धनराशि वापस करेगा।
पोर्टल में संशोधन पूरा
परिवहन विभाग ने बताया कि अब वाहन पंजीकरण पोर्टल में आवश्यक संशोधन कर दिया गया है। इससे अब बिना रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क जमा किए भी इलेक्ट्रिक वाहनों का रजिस्ट्रेशन संभव होगा।
सरकार का उद्देश्य
राज्य सरकार का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक लोग इलेक्ट्रिक वाहन अपनाएं और प्रदूषण को कम किया जा सके। रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट से ईवी की बिक्री में बड़ा इजाफा होने की उम्मीद है।

