Republic Day Parade 2026 : नई दिल्ली। रक्षा मंत्रालय ने गणतंत्र दिवस परेड 2026 को लेकर एक ऐतिहासिक और जन-केन्द्रित फैसला लिया है। 26 जनवरी 2026 को कर्तव्य पथ पर आयोजित होने वाली परेड में VIP कल्चर को खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। इस बार दर्शक दीर्घाओं को ए, बी, सी या अंकों के बजाय देश की प्रमुख नदियों के नाम दिए जाएंगे।

Republic Day Parade 2026

नदियों के नाम से होगी पहचान

परेड के दौरान दर्शक दीर्घाओं का नामकरण अब गंगा, यमुना, ब्रह्मपुत्र, नर्मदा, गोदावरी जैसी पवित्र और ऐतिहासिक नदियों के नाम पर किया जाएगा। मंत्रालय का कहना है कि इस बदलाव का उद्देश्य भारतीय सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करना और VIP–नॉन VIP के भेदभाव को पूरी तरह समाप्त करना है।

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‘वंदे मातरम’ होगी परेड की थीम

गणतंत्र दिवस परेड 2026 की आधिकारिक थीम ‘वंदे मातरम’ रखी गई है। इस थीम के जरिए देशभक्ति, राष्ट्रीय एकता और भारत की सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित किया जाएगा। झांकियों, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और सैन्य प्रदर्शन में इस भावना की स्पष्ट झलक देखने को मिलेगी।

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आम जनता को मिलेगा समान अवसर

रक्षा मंत्रालय के अनुसार, यह निर्णय इस सोच को दर्शाता है कि गणतंत्र दिवस देश के हर नागरिक का उत्सव है, न कि किसी विशेष वर्ग का। नदियों के नाम पर दर्शक दीर्घाओं का नामकरण प्रतीकात्मक रूप से यह संदेश देगा कि सभी नागरिक समान हैं।

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टिकट और मेट्रो से जुड़ी सुविधा

परेड देखने के लिए टिकट ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही, गणतंत्र दिवस के दिन दिल्ली मेट्रो में यात्रियों के लिए मुफ्त सफर की सुविधा दिए जाने की भी घोषणा की गई है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इस राष्ट्रीय उत्सव में शामिल हो सकें।

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सांस्कृतिक पहचान को मिलेगा बढ़ावा

मंत्रालय का मानना है कि नदियों के नाम से दर्शक दीर्घाओं का नामकरण न केवल भारतीय संस्कृति और परंपरा को सम्मान देगा, बल्कि नागरिकों में राष्ट्रीय गौरव और एकता की भावना को भी और मजबूत करेगा।

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Alok Kumar Srivastava
Chief Editor

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