लखनऊ, उत्तर प्रदेश: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ कर दिया है कि 2017 के बाद का उत्तर प्रदेश अपराध को कतई बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि जो भी व्यक्ति प्रदेश में अपराध करने की हिम्मत करेगा, उसे कठोर कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पहले का वह दौर खत्म हो चुका है जब पीड़ित तड़पता और भटकता था और अपराधी मौज-मस्ती करते थे। अब प्रदेश सरकार ने जीरो टॉलरेंस नीति के तहत अपराध नियंत्रण में अभूतपूर्व कदम उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक साक्ष्यों और फॉरेंसिक साइंस लैब्स (विधि विज्ञान प्रयोगशालाओं) के माध्यम से अपराधों के प्रमाण एकत्रित किए जा रहे हैं, जिससे कोई अपराधी बच नहीं पाएगा। यह प्रणाली सटीक, त्वरित और पारदर्शी जांच सुनिश्चित करती है।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि अब पीड़ितों को सुगम, सहज और समयबद्ध न्याय मिल रहा है। इस पहल से न केवल अपराध में कमी आएगी बल्कि आम जनता का कानून पर भरोसा भी बढ़ेगा।
योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश में अपराधियों के लिए कोई सहूलियत नहीं है और प्रदेश सरकार कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

