दिव्येन्डु गोस्वामी। पश्चिम बंगाल। पश्चिम बंगाल के पुस्तकालय मंत्री सिद्धुकुल्लाह चौधरी पर गुरुवार को उनके विधानसभा केंद्र में हमला किया गया। इस घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। मंत्री ने इस हमले के लिए स्थानीय असामाजिक तत्वों को जिम्मेदार ठहराया और पुलिस पर मूकदर्शक बने रहने का गंभीर आरोप लगाया।
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मंत्री चौधरी ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि पार्टी और प्रशासन हमलावरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं करते हैं, तो वे पार्टी छोड़ने पर मजबूर होंगे। उन्होंने कहा—
“यदि पार्टी मेरी सुरक्षा नहीं कर सकती और प्रशासन ऐसे गुंडों पर कोई कार्रवाई नहीं करता, तो मैं पार्टी छोड़ने का निर्णय लेने से पीछे नहीं हटूंगा।”
घटना के तुरंत बाद पुलिस ने सक्रियता दिखाई और पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। सभी आरोपियों को शुक्रवार को काटो उपखंड कोर्ट में पेश किया गया। न्यायालय ने सुनवाई के बाद दो दिन की पुलिस हिरासत और तीन दिन की न्यायिक हिरासत का आदेश सुनाया।
इस हमले के बाद मंत्री समर्थकों में गहरा आक्रोश देखा गया। समर्थकों ने प्रशासन से कड़ी कार्रवाई और मंत्री की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। उधर पुलिस का कहना है कि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और मामले की जांच तेज कर दी गई है।
